हाई टेंशन लाइन की चपेट में आकर हुई मासूम बच्चे की मौत

बिजली विभाग की बड़ी लापरवाही की वजह से एक 5 वर्षिय मासूम बच्चे की मौत हो गयी

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सरेनी (रायबरेली)-प्राप्तजानकारी के अनुसार सरेनी थाना क्षेत्र के खेमानखेड़ा गांव में आज बिजली विभाग की बड़ी लापरवाही की वजह से एक 5 वर्षिय मासूम बच्चे की मौत हो गयी। बिजली विभाग की बढ़ती लापरवाही की वजह से आये दिन कोई न कोई बड़ी दुर्घटना होती रहती है इसके बाबत भी कोई भी विभागीय अधिकारी इन बढ़ती दुर्घटनाओं से जाग नहीं पा रहा है। ग्रामीणों की लगातार शिकायतों के बावजूद भी अधिकारियों द्वारा सिर्फ आश्वासन के अलावा कुछ नही मिलता। ऐसा ही एक मामला प्रकाश में आया है जहां बिजली विभाग की लापरवाही से एक मासूम की मौत हो गई है। मामला सरेनी थाना क्षेत्र के अंतर्गत स्थित खेमानखेडा का है जहां रविवार की शाम करंट की चपेट में आने से एक मासूम की मौत हो गई है। खेमानखेडा गांव निवासी मासूम निर्मल (5)पुत्र श्रीराम अपने घर के पीछे लगे हैंडपंप पर नहाने के लिए गया था। जहां पर पहले से ही पोल से टूटे पडे बिजली के तार में करंट दौड़ रहा था जिसकी चपेट में मासूम आ गया और वह बुरी तरह झुलस गया। परिवारीजन उसे तत्काल अस्पताल ले गए जहां उस मासूम को मृत घोषित कर दिया गया। ग्राम प्रधान रमेश कुमार ने टूटे तार की जानकारी संबंधित अधिकारियों को दी। लेकिन इसके बावजूद किसी भी अधिकारी ने इस तरफ ध्यान नहीं दिया। प्राप्त जानकारी के अनुसार यह बिजली का तार दो दिन पूर्व से ही टूटा पड़ा था। जिसकी जानकारी सरेनी पावर हाउस के कर्मचारियों को थी। लेकिन जब अवर अभियंता श्यामू से जानकारी ली गई तो उन्होंने बताया कि तार टूटने की कोई जानकारी नहीं है और न ही कोई शिकायत आई है। अब सवाल यह उठता है कि कौन सही है और कौन गलत।घटना की सूचना मिलते ही घटनास्थल पर अधिकारियों व नेताओं का जमावड़ा लग गया। बिजली विभाग की लापरवाही से ग्रामीणों में अत्यंत क्रोध व नाराजगी व्याप्त थी।इसका जीता-जागता उदाहरण तब देखने को मिला जब नाराज व क्रोधित ग्रामीणों ने पुलिस को मासूम के शव को पीएम के लिए जाने से रोक दिया।इसके उपरांत घटनास्थल पर उपस्थित पुलिस के अधिकारियों व नेताओं के समझाने पर भी ग्रामीण व परिजन मासूम के शव के पोस्टमार्टम के लिए नहीं मानें। जब इस घटना की जानकारी भाजपा विधायक धीरेन्द्र बहादुर सिंह को मिली तो वह रात करीब 11 बजे घटनास्थल पर आ पहुंचे। घटनास्थल पर पहुंचे विधायक धीरेन्द्र बहादुर सिंह ने परिजनों को ढाढ़स बंधाते हुए उनके प्रति संवेदना व्यक्त की।विधायक धीरेन्द्र बहादुर सिंह के आग्रह करने व उचित कार्यवाही का भरोसा दिलाये जाने पर परिजन व ग्रामीण शांत हुए व पोस्टमार्टम के लिए तैयार हुए। श्री सिंह ने घटना स्थल से ही डीएम से बात कर मुख्यमंत्री राहत कोष से परिवार को अधिक से अधिक आर्थिक सहायता मुहैया कराये जाने की मांग की।