Latest Post

                                        

आज का पांचांग दिन मंगलवार दिनांक 03/03/2026

                                     

                  🌞सुप्रभातम🌞 

      ⚜️««« *आज का पंचांग* »»»⚜️

       दिनांक:-  03/03/2026, मंगलवार


*जय श्री राम*


*पूर्णिमा, शुक्ल पक्ष,*

*फाल्गुन* (समाप्ति काल)

तिथि--------- पूर्णिमा 17:06:53.     तक 

पक्ष------------------------- शुक्ल

नक्षत्र------------- मघा 07:30:39

योग------------ सुकर्मा 10:23:32

करण-------------- बव 17:06:53

करण-----------बालव 28:53:39

वार---------------------- मंगलवार

माह---------------------- फाल्गुन

चन्द्र राशि-------------------   सिंह

सूर्य राशि------------------    कुम्भ

रितु-------------------------- वसंत

आयन------------------- उत्तरायण

संवत्सर------------------ विश्वावसु

संवत्सर (उत्तर)------------- सिद्धार्थी

विक्रम संवत---------------- 2082 

गुजराती संवत-------------- 2082 

शक संवत------------------ 1947 

कलि संवत----------------- 5126

सूर्योदय--------------- 06:43:02

सूर्यास्त--------------- 18:19:34

दिन काल------------- 11:36:31

रात्री काल------------- 12:22:26

चंद्रोदय--------------- 18:20:01

चंद्रास्त---------------- 31:01:16

लग्न----कुम्भ 18°14' , 318°14'

सूर्य नक्षत्र--------------- शतभिषा

चन्द्र नक्षत्र-------------------- मघा

नक्षत्र पाया------------------- रजत 


*🚩💮🚩  पद, चरण  🚩💮🚩*


मे---- मघा 07:30:39


मो---- पूर्वा फाल्गुनी 13:29:46


टा---- पूर्वा फाल्गुनी 19:30:39


टी---- पूर्वा फाल्गुनी 25:33:24


*💮🚩💮    ग्रह गोचर    💮🚩💮*


        ग्रह =राशी   , अंश  ,नक्षत्र,  पद

============================

सूर्य=  कुम्भ 18°10 , शतभिषा      4      सू

चन्द्र= सिंह  12°30 ,         मघा  4      मे 

बुध = कुम्भ 26°52 '     पूo भाo  2       सो 

शु क्र= मीन 01°05,      पूo भाo 4       दी

मंगल= कुम्भ 06°12°03 ' धनिष्ठा   4       गे

गुरु= मिथुन  20°33    पुनर्वसु,     1       के 

शनि=मीन 07°13 '     उoभा o  , 2       थ

राहू=(व) कुम्भ 14°47  शतभिषा,      3  सी 

केतु= (व) सिंह 14°47   पूoफाo   1      मो

============================


*🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 🚩💮🚩*


राहू काल 15:25 - 16:53 अशुभ

यम घंटा 09:37 - 11:04 अशुभ

गुली काल 12:31 - 13:58 अशुभ 

अभिजित 12:08 - 12:55 शुभ

दूर मुहूर्त 09:02 - 09:49 अशुभ

दूर मुहूर्त 23:17 - 24:03* अशुभ

वर्ज्यम 15:30 - 17:06 अशुभ

प्रदोष 18:20 - 20:50.    शुभ


🚩गंड मूल 06:43 - 07:31 अशुभ


💮चोघडिया, दिन


रोग 06:43 - 08:10 अशुभ

उद्वेग 08:10 - 09:37 अशुभ

चर 09:37 11:04 शुभ

लाभ 11:04 12:31 शुभ

अमृत 12:31 13:58 शुभ

काल 13:58 15:25 अशुभ

शुभ 15:25 - 16:53 शुभ

रोग 16:53 - 18:20 अशुभ


🚩चोघडिया, रात


काल 18:20 19:52 अशुभ

लाभ 19:52 - 21:25 शुभ

उद्वेग 21:25 - 22:58 अशुभ

शुभ 22:58 - 24:31* शुभ

अमृत 24:31* - 26:04* शुभ

चर 26:04*- 27:36* शुभ

रोग 27:36* - 29:09* अशुभ

काल 29:09*30:42* अशुभ


💮होरा, दिन


मंगल 06:43 -07:41

सूर्य 07:41- 08:39

शुक्र 08:39- 09:37

बुध 09:37- 10:35

चन्द्र 10:35 -11:33

शनि 11:33 -12:31

बृहस्पति 12:31 -13:29

मंगल 13:29- 14:27

सूर्य 14:27- 15:25

शुक्र 15:25- 16:23

बुध 16:23 -17:22

चन्द्र 17:22 -18:20


🚩होरा, रात


शनि 18:20 -19:21

बृहस्पति 19:21- 20:23

मंगल 20:23- 21:25

सूर्य 21:25 -22:27

शुक्र 22:27 -23:29

बुध 23:29 -24:31

चन्द्र 24:31-25:33

शनि 25:33 -26:35

बृहस्पति 26:35-27:36

मंगल 27:36-28:38

सूर्य 28:38-29:40

शुक्र 29:40-30:42


*🚩उदयलग्न प्रवेशकाल  🚩* 


कुम्भ   > 05:46  से  07:26   तक

मीन    > 07:26  से  08:50   तक

मेष     > 08:50  से  10:26   तक     

वृषभ   > 10:26 से  12:24   तक

मिथुन  > 12:24 से 15:50    तक

कर्क    > 15:50  से 17:00   तक

सिंह    > 17:00 से  19:06    तक

कन्या  > 19:06  से  21:26   तक

तुला   >  21:26 से  23:44   तक

वृश्चिक > 23:44 से  01:54   तक

धनु     > 01:54  से  03:48   तक

मकर   > 03:48 से  05:44   तक

=======================


*🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार*


       (लगभग-वास्तविक समय के समीप) 

दिल्ली +10मिनट--------- जोधपुर -6 मिनट

जयपुर +5 मिनट------ अहमदाबाद-8 मिनट

कोटा   +5 मिनट------------ मुंबई-7 मिनट

लखनऊ +25 मिनट--------बीकानेर-5 मिनट

कोलकाता +54-----जैसलमेर -15 मिनट


*नोट*-- दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है। 

प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है। 

चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।

शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥

रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।

अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥

अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।

उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।

शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।

लाभ में व्यापार करें ।

रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।

काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।

अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।


*💮दिशा शूल ज्ञान------------- उत्तर*

परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो घी अथवा गुड़ खाके यात्रा कर सकते है l

इस मंत्र का उच्चारण करें-:

*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*

*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*


*🚩  अग्नि वास ज्ञान  -:*

*यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,*

*चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।*

*दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,*

*नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।।* *महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्*

*नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।*


  15 + 3 + 1 =  19 ÷ 4 = 3 शेष

 पृथ्वी लोक पर अग्नि वास हवन के लिए शुभ कारक है l


*🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩*


सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु  आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है


शनि ग्रह मुखहुति


*💮    शिव वास एवं फल -:*


  15 + 15 + 5 = 35 ÷ 7 =  0 शेष


शमशान वास = मृत्यु कारक


*🚩भद्रा वास एवं फल -:*


*स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।*

*मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।*


*💮🚩    विशेष जानकारी   🚩💮*


*अविरल छाया चन्द्र ग्रहण*

*सूतक सुबह 06:20*

*ग्रहण दोपहर 03:20*

*ग्रहण मोक्ष सांय 6:47*


*चैतन्य महाप्रभु जयंती*


*💮🚩💮   शुभ विचार   💮🚩💮*


मणिर्लुण्ठति पादाग्रे काचः शिरसि धार्यते ।

क्रय विक्रयवेलायां काचः काचो मणिर्मणिः ।।

।।चाoनीo।।


  यदि आदमी को परख नहीं है तो वह अनमोल रत्नों को तो पैर की धुल में पडा हुआ रखता है और घास को सर पर धारण करता है. ऐसा करने से रत्नों का मूल्य कम नहीं होता और घास के तिनको की महत्ता नहीं बढती. जब विवेक बुद्धि वाला आदमी आता है तो हर चीज को उसकी जगह दिखाता है.


*🚩💮🚩  सुभाषितानि  🚩💮🚩*


गीता -:  कर्मसांख्ययोग अo-5


न कर्तृत्वं न कर्माणि लोकस्य सृजति प्रभुः।

 न कर्मफलसंयोगं स्वभावस्तु प्रवर्तते।


परमेश्वर मनुष्यों के न तो कर्तापन की, न कर्मों की और न कर्मफल के संयोग की रचना करते हैं, किन्तु स्वभाव ही बर्त रहा है

 ॥14॥


*💮🚩   दैनिक राशिफल   🚩💮*


देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।

नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।

विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।

जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।


🐏मेष

नई योजना बनेगी। कार्यप्रणाली में सुधार होगा। मान-सम्मान मिलेगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। स्वास्थ्य के प्रति सावधानी रखें। कार्यक्षमता एवं कार्यकुशलता बढ़ेगी। कर्म के प्रति पूर्ण समर्पण व उत्साह रखें। व्यापार में नई योजनाओं से लाभ होगा।


🐂वृष

व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। रुका हुआ धन मिलेगा। प्रसन्नता रहेगी। जल्दबाजी न करें। प्रियजनों से पूरी मदद मिलेगी। धन प्राप्ति के योग हैं। स्वयं के सामर्थ्य से ही भाग्योन्नति के अवसर आएँगे। संतान के कार्यों में उन्नति के योग हैं।


👫मिथुन

अतिथियों का आवागमन रहेगा। उत्साहवर्धक सूचना मिलेगी। स्वाभिमान बना रहेगा। नई योजनाओं की शुरुआत होगी। संतान की प्रगति संभव है। भूमि व संपत्ति संबंधी कार्य होंगे। पूर्व कर्म फलीभूत होंगे। परिवार में सुखद वातावरण रहेगा। व्यापार में इच्छित लाभ होगा।


🦀कर्क

कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। व्ययवृद्धि होगी। तनाव रहेगा। अपरिचितों पर विश्वास न करें। प्रयास में आलस्य व विलंब नहीं करना चाहिए। रुके हुए काम समय पर होने की संभावना है। विरोधी परास्त होंगे। यात्रा कष्टप्रद हो सकती है। धैर्य एवं संयम बना रहेगा।


🐅सिंह

मेहनत का फल मिलेगा। कार्यसिद्धि से प्रसन्नता रहेगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। परिवार में प्रसन्नता का वातावरण रहेगा। व्यापार के कार्य से बाहर जाना पड़ सकता है। कार्यपद्धति में विश्वसनीयता बनाएँ रखें। धनार्जन होगा।


🙍‍♀️कन्या

भेंट व उपहार की प्राप्ति होगी। जोखिम न लें। क्रोध एवं उत्तेजना पर संयम रखें। सत्कार्य में रुचि बढ़ेगी। प्रियजनों का पूर्ण सहयोग मिलेगा। व्यावसायिक चिंताएँ दूर होंगी। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। बेरोजगारी दूर होगी। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी।


⚖️तुला

रचनात्मक कार्य सफल रहेंगे। पार्टी व पिकनिक का आनंद मिलेगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। विवाद न करें। सामाजिक एवं राजकीय ख्याति में अभिवृद्धि होगी। आर्थिक अनुकूलता रहेगी। रुका धन मिलने से धन संग्रह होगा। राज्यपक्ष से लाभ के योग हैं।


🦂वृश्चिक

व्यापार में नई योजनाएँ बनेंगी। व्यापार अच्छा चलेगा। राजकीय बाधा दूर होकर लाभ होगा। प्रेम-प्रसंग में अनुकूलता रहेगी। क्रोध पर नियंत्रण रखें। लाभ होगा। रुके हुए काम समय पर पूरे होने से आत्मविश्वास बढ़ेगा। परिवार की समस्याओं का समाधान हो सकेगा।


🏹धनु

उत्तेजना पर नियंत्रण रखें। शत्रु सक्रिय रहेंगे। शोक समाचार मिल सकता है। थकान महसूस होगी। व्यावसायिक चिंता रहेगी। संतान के व्यवहार से कष्ट होगा। सहयोगी मदद नहीं करेंगे। व्ययों में कटौती करने का प्रयास करें। वाहन चलाते समय सावधानी रखें।


🐊मकर

जोखिम व जमानत के कार्य टालें। कुसंगति से हानि होगी। अपने काम से काम रखें। स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही न करें। आवास संबंधी समस्या हल होगी। आलस्य न करें। सोचे काम समय पर नहीं हो पाएँगे। चोट, चोरी व विवाद से हानि संभव है।


🍯कुंभ

भूमि व भवन संबंधी कार्य लाभ देंगे। रोजगार मिलेगा। शत्रु भय रहेगा। निवेश व नौकरी लाभ देंगे। व्यापार अच्छा चलेगा। कार्य के विस्तार की योजनाएँ बनेंगी। रोजगार में उन्नति एवं लाभ की संभावना है। पठन-पाठन में रुचि बढ़ेगी। लाभदायक समाचार मिलेंगे।


🐟मीन

पूजा-पाठ में मन लगेगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। झंझटों में न पड़ें। उधार दिया धन मिलने से राहत हो सकती है। जीवनसाथी का सहयोग उलझे मामले सुलझाने में सहायक हो सकेगा। वाहन सावधानी से चलाएँ। कोर्ट-कचहरी में अनुकूलता रहेगी।


*🚩आपका दिन मंगलमय हो🚩*






You Tube: 

1. Youtube:  ग्रह वाणी   
https://youtube.com/shorts/xqc6820XshI?si=3BPhBlfPj8-AJ3Bo

2. Youtube:  B I News
https://youtu.be/VwwU7GSmc8o?si=Y4y_DG_etYEolPQ0


PLEASE:- Like & Share 

                     
🚩🚩भारत माता की जय🚩🚩

अबकी बार होलिका दहन पर भद्रा का है साया, केवल 3 घंटे 11 मिनट का मुहूर्त रहेगा उत्तम

अबकी बार होलिका दहन पर भद्रा का है साया, केवल 3 घंटे 11 मिनट का मुहूर्त रहेगा उत्तम

Holika Dahan 2026 Timing | Holi Kab Jalegi: होली 2026 पर चंद्रग्रहण और भद्रा काल का प्रभाव रहने वाला है। 3 मार्च को चंद्रग्रहण होने की वजह से होलिका दहन को लेकर लोगों में कन्फ्यूजन है। 2 मार्च को पूर्णिमा तिथि के साथ ही भद्रा भी लग रहा है। ऐसे में आइए जानते हैं कि होलिका दहन का शुभ मुहूर्त क्या है।

होलिका दहन हर साल फाल्गुन महीने की पूर्णिमा तिथि को मनाया जाता है। इस साल फाल्गुन पूर्णिमा तिथि दो दिन लग रही है। 2 मार्च को फाल्गुन पूर्णिमा तिथि लग रही है जो अगले दिन 3 मार्च की शाम तक रहेगी। लेकिन प्रदोष कल लगने से पूर्व ही पूर्णिमा तिथि समाप्त हो जाएगी। होलिका दहन को लेकर एक तो तिथियों की ऐसी उलझन है दूसरी ओर भद्रा का साया भी पूर्णिमा तिथि के साथ बना रहने वाला है। ऐसे में इस साल होलिका दहन को लेकर ज्योतिषियों में भी अलग-अलग मत हैं।

पं. राकेश झा के अनुसार, होलिका दहन को लेकर धर्मसिंधु नामक ग्रंथ में बताया गया है कि- सा प्रदोषव्यापिनी भद्रारहित ग्राह्या यानी पूर्णिमा तिथि में भद्ररहित काल में होलिका दहन किया जाना चाहिए। होलिका दहन के लिए यह प्रथम नियम है कि फाल्गुन शुक्ल पूर्णिमा तिथि में भद्रारहित प्रदोष काल में होलिका दहन किया जाना चाहिए।

होलिका दहन 2026 महत्वपूर्ण जानकारी

होलिका दहन2 मार्च 2026
होलिका दहन मुहूर्त (होली कब जलेगी)
शाम 6 बजकर 22 मिनट से 9 बजकर 33 मिनट
पूर्णिमा तिथि की शुरुआत2 मार्च, 5 बजकर 56 मिनट
पूर्णिमा तिथि की समाप्त3 मार्च, शाम 5 बजकर 8 मिनट
भद्रा काल आरंभ2 मार्च, शाम 5 बजकर 56 मिनट
भद्रा काल समाप्त3 मार्च, सुबह 5 बजकर 32 मिनट

लेकिन अगर दोनों दिन पूर्णिमा तिथि व्याप्त हो और दोनों ही दिन प्रदोष काल को पूर्णिमा तिथि स्पर्श कर रही हो तो पहले ही दिन भद्रारहित प्रदोष काल में होलिका दहन कर लेना चाहिए। लेकन इस बार होलिका दहन पर यह भी पेंच है कि पहले दिन यानी 2 मार्च को पूर्णिमा तिथि शाम में 5 बजकर 56 मिनट से लग जा रही है और इसी के साथ भद्रा भी लग जा रही है। और भद्रा पर समाप्त हो रही है।

जबकि पूर्णिमा तिथि 3 मार्च को शाम में प्रदोष काल लगने से पहले ही शाम 5 बजकर 8 मिनट पर समाप्त हो रही है। ऐसे में शास्त्रविहित नियम के अनुसार भद्रामुख और पुच्छ को त्यागकर 2 मार्च को ही भद्राकल में होलिका दहन किया जाना चाहिए।

भद्रापुच्छ का समय होलिका दहन पर रात 12 बजकर 50 मिनट से 2 बजे तक होगा। जबकि भद्रा मुख जिससे सबसे ज्यादा वर्जित माना गया है वह समय 2 मार्च को निशीथ काल के बाद रात 2 बजकर 38 मिनट से सुबह 5 बजकर 32 मिनट तक होगा। ऐसे में होलिका दहन का शुभ समय 2 मार्च को प्रदोष काल में शाम 6 बजकर 22 मिनट से 9 बजकर 33 मिनट के बीच किया जाना उत्तम होगा।

भद्रा मुख में होलिका दहन से क्या होता है

होलिका दहन पर भद्रा से बचने की सलाह दी जाती है। इसमें भी भद्रामुख कल में होलिका दहन सबसे अशुभ माना गया है। ऐसी मान्यता है कि भद्रा जो शनि की बहन है सर्प रूप में तीनों लोक में विचरण करती है। वह शुभ कार्य में विघ्न डालती है। ऐसे मे भद्रामुख काल में होलिका दहन करने से क्षेत्र विशेष में कुछ न कुछ अप्रिय घटना घटित होती है। इसलिए शुभ फल की प्राप्ति के लिए भद्रा से रहित और विशेष रूप से भद्रामुख से रहित काल में होलिका दहन करने का विधान है।

                                                                             


आज का पांचांग दिन सोमवार दिनांक 02/03/2026



                  🌞सुप्रभातम🌞 

      ⚜️««« *आज का पंचांग* »»»⚜️

       दिनांक:- 02/03/2026, सोमवार 


*जय श्री राम*

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

*चतुर्दशी, शुक्ल पक्ष,*

*फाल्गुन*

(समाप्ति काल)


तिथि--------- चतुर्दशी 17:55:12.     तक 

पक्ष--------‐---------------- शुक्ल

नक्षत्र-‐------ आश्लेषा 07:50:41

योग----------- अतिगंड 12:18:11

करण---------- वणिज 17:55:12

करण------- विष्टि भद्र 29:27:35

वार----------------------- सोमवार

माह---------------------- फाल्गुन

चन्द्र राशि-----    कर्क 07:50:41

चन्द्र राशि------------------    सिंह

सूर्य राशि------------------    कुम्भ

रितु-------------------------- वसंत

आयन------------------- उत्तरायण

संवत्सर------------------ विश्वावसु

संवत्सर (उत्तर)------------- सिद्धार्थी

विक्रम संवत---------------- 2082 

गुजराती संवत-------------- 2082 

शक संवत-------------------1947 

कलि संवत----------------- 5126 

लग्न ---- कुम्भ 17°14' , 317°14'

सूर्य नक्षत्र--------------- शतभिषा

चन्द्र नक्षत्र---------------- आश्लेषा

नक्षत्र पाया------------------- रजत 


*🚩💮🚩  पद, चरण  🚩💮🚩*


डो---- आश्लेषा 07:50:41


मा---- मघा 13:43:21


मी---- मघा 19:37:31


मू---- मघा 25:33:16


*💮🚩💮    ग्रह गोचर    💮🚩💮*


        ग्रह =राशी   , अंश  ,नक्षत्र,  पद

============================

सूर्य=  कुम्भ 17°10 , शतभिषा      3      सी 

चन्द्र= कर्क  29°30 ,    आश्लेषा  4      डो 

बुध = कुम्भ 27°52 '     पूo भाo  3       दा

शु क्र= मीन 00°05,      पूo भाo 4       दी

मंगल= कुम्भ 05°12°03 ' धनिष्ठा   4       गे

गुरु= मिथुन  21°33    पुनर्वसु,     1       के 

शनि=मीन 07°13 '     उoभा o  , 2       थ

राहू=(व) कुम्भ 14°50  शतभिषा,      3  सी 

केतु= (व) सिंह 14°50   पूoफाo   1      मो

============================


*🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 🚩💮🚩*


राहू काल 08:11 - 09:38 अशुभ

यम घंटा 11:05 - 12:32 अशुभ

गुली काल 13:58 - 15:25 अशुभ 

अभिजित 12:08 - 12:55 शुभ

दूर मुहूर्त 12:55 - 13:41 अशुभ

दूर मुहूर्त 15:14 - 15:59 अशुभ

वर्ज्यम 19:38 - 21:12 अशुभ

प्रदोष 18:19 - 20:50      शुभ


🚩गंड मूल अहोरात्र अशुभ


💮चोघडिया, दिन


अमृत 06:44 - 08:11 शुभ

काल 08:11 09:38 अशुभ

शुभ 09:38 - 11:05 शुभ

रोग 11:05 - 12:32 अशुभ

उद्वेग 12:32 - 13:58 अशुभ

चर 13:58 - 15:25 शुभ

लाभ 15:25 16:52 शुभ

अमृत 16:52 - 18:19 शुभ


🚩चोघडिया, रात


चर 18:19 19:52 शुभ

रोग 19:52 - 21:25 अशुभ

काल 21:25 - 22:58 अशुभ

लाभ 22:58 - 24:31* शुभ

उद्वेग 24:31* - 26:04* अशुभ

शुभ 26:04* - 27:37* शुभ

अमृत 27:37* - 29:10* शुभ

चर 29:10*- 30:43* शुभ


💮होरा, दिन


चन्द्र 06:44- 07:42

शनि 07:42- 08:40

बृहस्पति 08:40 -09:38

मंगल 09:38- 10:36

सूर्य 10:36 - 13:29

चन्द्र 13:29- 14:27

शनि 14:27- 15:25

बृहस्पति 15:25- 16:23

मंगल 16:23- 17:21

सूर्य 17:21- 18:19


🚩होरा, रात


शुक्र 18:19- 19:21

बुध 19:21- 20:23

चन्द्र 20:23- 21:25

शनि 21:25- 22:27

बृहस्पति 22:27 -23:29

मंगल 23:29- 24:31

सूर्य 24:31-25:33

शुक्र 25:33 -26:35

बुध 26:35-27:37

चन्द्र 27:37-28:39

शनि 28:39-29:41

बृहस्पति 29:41-30:43


*🚩उदयलग्न प्रवेशकाल  🚩* 


कुम्भ   > 05:50  से  07:30   तक

मीन    > 07:30  से  08:54   तक

मेष     > 08:54  से  10:30   तक     

वृषभ   > 10:30 से  12:28   तक

मिथुन  > 12:28 से 15:54    तक

कर्क    > 15:54  से 17:04   तक

सिंह    > 17:04 से  19:10    तक

कन्या  > 19:10  से  21:30   तक

तुला   >  21:30 से  23:48   तक

वृश्चिक > 23:48 से  01:58   तक

धनु     > 01:58  से  03:52   तक

मकर   > 03:52 से  05:48   तक

=======================


*🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार*


       (लगभग-वास्तविक समय के समीप) 

दिल्ली +10मिनट--------- जोधपुर -6 मिनट

जयपुर +5 मिनट------ अहमदाबाद-8 मिनट

कोटा   +5 मिनट------------ मुंबई-7 मिनट

लखनऊ +25 मिनट--------बीकानेर-5 मिनट

कोलकाता +54-----जैसलमेर -15 मिनट


*नोट*-- दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है। 

प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है। 

चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।

शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥

रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।

अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥

अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।

उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।

शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।

लाभ में व्यापार करें ।

रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।

काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।

अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।


*💮दिशा शूल ज्ञान-------------पूर्व*

परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो घी अथवा काजू खाके यात्रा कर सकते है l

इस मंत्र का उच्चारण करें-:

*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*

*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*


*🚩  अग्नि वास ज्ञान  -:*

*यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,*

*चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।*

*दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,*

*नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।।* *महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्*

*नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।*


  14 + 2 + 1 = 17  ÷ 4 = 1 शेष

 पाताल लोक पर अग्नि वास हवन के लिए अशुभ कारक है l


*🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩*


सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु  आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है


शनि ग्रह मुखहुति


*💮    शिव वास एवं फल -:*


14 + 14 + 5 = 33 ÷ 7 =  5 शेष


ज्ञानवेलायां = कष्ट कारक


*🚩भद्रा वास एवं फल -:*


*स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।*

*मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।*


 सांय 17:55 से 29:32 तक 


मृत्यु लोक  =  सर्व कार्य  विनाशिनी


*💮🚩    विशेष जानकारी   🚩💮*


*पूर्णिमा व्रत*


*💮🚩💮   शुभ विचार   💮🚩💮*


तद्भोजनं यद् द्विजभुक्तशेषं

तत्सौहृदं यत्क्रियते परस्मिन् ।

सा प्राज्ञता या न करोति पापं

दम्भं विना यः क्रियते पापं

दम्भं विना यः क्रियते स धर्मः ।।

।।चाoनीo।।


   एक सच्चा भोजन वह है जो ब्राह्मण को देने के बाद शेष है. प्रेम वह सत्य है जो दुसरो को दिया जाता है. खुद से जो प्रेम होता है वह नहीं. वही बुद्धिमत्ता है जो पाप करने से रोकती है. वही दान है जो बिना दिखावे के किया जाता है.


*🚩💮🚩  सुभाषितानि  🚩💮🚩*


गीता -:  कर्मसांख्ययोग अo-5


सर्वकर्माणि मनसा संन्यस्यास्ते सुखं वशी।

 नवद्वारे पुरे देही नैव कुर्वन्न कारयन्‌॥


अन्तःकरण जिसके वश में है, ऐसा सांख्य योग का आचरण करने वाला पुरुष न करता हुआ और न करवाता हुआ ही नवद्वारों वाले शरीर रूप घर में सब कर्मों को मन से त्यागकर आनंदपूर्वक सच्चिदानंदघन परमात्मा के स्वरूप में स्थित रहता है

 ॥13॥


*💮🚩   दैनिक राशिफल   🚩💮*


देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।

नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।

विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।

जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।


🐏मेष

मानसिक शांति के लिए किए गए प्रयास सफल रहेंगे। कोर्ट-कचहरी के कार्य मनोनुकूल रहेंगे। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। नौकरी में सहकर्मी साथ देंगे। प्रसन्नता रहेगी। किसी धार्मिक यात्रा की योजना बनेगी। पूजा-पाठ में मन लगेगा।


🐂वृष

वाहन व मशीनरी इत्यादि के प्रयोग में लापरवाही न करें। वाणी में हल्के शब्दों के प्रयोग से बचें। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। दूसरों के कार्य में हस्तक्षेप न करें। अपेक्षित कार्यों में विलंब होगा। चिंता तथा तनाव रहेंगे। व्यापार ठीक चलेगा।


👫मिथुन

कार्यक्षेत्र के लिए नई योजना बनेगी। कार्यप्रणाली में सुधार होगा। बिगड़े काम बन सकते हैं। समाजसेवा करने का मन बनेगा। घर-बाहर पूछ-परख रहेगी। धन प्राप्ति सुगम होगी। व्यस्तता रहेगी। आराम का समय नहीं मिलेगा। थकान रहेगी।


🦀कर्क

व्यावसायिक यात्रा मनोनुकूल रहेगी। किसी प्रभावशाली व्यक्ति का सहयोग व मार्गदर्शन प्राप्त होगा। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। व्यापार-व्यवसाय अच्‍छा चलेगा। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी। बकाया वसूली के प्रयास सफल रहेंगे।


🐅सिंह

समाजसेवा करने की प्रेरणा प्राप्त होगी। मान-सम्मान मिलेगा। खोई हुई वस्तु मिलने के योग हैं। व्यापार-व्यवसाय अच्‍छा चलेगा। नौकरी में उच्चाधिकारी की प्रसन्नता प्राप्त होगी। शत्रु सक्रिय रहेंगे। जोखिम व जमानत के कार्य बिलकुल न करें।


🙍‍♀️कन्या

शुभ समाचार प्राप्त होंगे। आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। कारोबार अच्‍छा चलेगा। नौकरी में सहकर्मी साथ देंगे। चिंता तथा तनाव रहेंगे। प्रतिद्वंद्विता में वृद्धि होगी। किसी आनंदोत्सव में भाग ले सकते हैं। भूले-बिसरे साथियों से मुलाकात होगी।


⚖️तुला

किसी तरह से बड़ा लाभ होने की संभावना है। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। बेरोजगारी दूर करने के प्रयास सफल रहेंगे। किसी तरह के विवाद में विजय प्राप्त होगी। स्वास्थ्य अच्‍छा रहेगा। कारोबार में वृद्धि होगी। नौकरी में नया कार्य मिल सकता है।


🦂वृश्चिक

कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। थकान व कमजोरी रह सकती है। अप्रत्याशित खर्च सामने आएंगे। कर्ज लेना पड़ सकता है। दूसरों से अधिक अपेक्षा न करें। बेवजह चिड़चिड़ापन रहेगा। वाणी पर नियंत्रण रखें। कार्य में मन नहीं लगेगा।


🏹धनु

भावना में बहकर महत्वपूर्ण निर्णय न लें। नौकरी में कार्यभार रहेगा। लाभ होगा। स्वास्थ्य के संबंध में लापरवाही न करें। स्वास्थ्‍य पर व्यय होगा। दु:खद समाचार मिल सकता है। क्रोध व उत्तेजना पर नियंत्रण रखें। कुसंगति से हानि होगी।


🐊मकर

मनपसंद व्यंजनों का आनंद प्राप्त होगा। विद्यार्थी वर्ग अपने कार्य उत्साह व लगन से कर पाएगा। किसी आनंदोत्सव में भाग लेने का अवसर प्राप्त हो सकता है। धन प्राप्ति के प्रयास सफल रहेंगे। व्यापार-व्यवसाय अच्‍छा चलेगा। प्रमाद न करें।


🍯कुंभ

घर, दुकान, फैक्टरी व शोरूम इत्यादि के खरीद-फरोख्त की योजना बनेगी। कारोबार में बड़ा लाभ हो सकता है। रोजगार प्राप्ति के प्रयास सफल रहेंगे। आय के नए स्रोत प्राप्त हो सकते हैं। रुके काम बनेंगे। घर-बाहर उत्साह व प्रसन्नता से काम कर पाएंगे।


🐟मीन

प्रसन्नता का वातावरण निर्मित होगा। स्वास्थ्य का पाया कमजोर रहेगा। वाणी पर नियंत्रण रखें। जीवनसाथी से सहयोग प्राप्त होगा। कानूनी अड़चन दूर होकर स्थिति अनुकूल बनेगी। व्यापार-व्यवसाय अच्‍छा चलेगा। निवेश शुभ रहेगा। नौकरी में मातहत साथ देंगे।


*🚩आपका दिन मंगलमय हो🚩*







You Tube: 

1. Youtube:  ग्रह वाणी   
https://youtube.com/shorts/xqc6820XshI?si=3BPhBlfPj8-AJ3Bo

2. Youtube:  B I News
https://youtu.be/VwwU7GSmc8o?si=Y4y_DG_etYEolPQ0


PLEASE:- Like & Share 

                     
🚩🚩भारत माता की जय🚩🚩

                                                                            


आज का पांचांग दिन रविवार दिनांक 01/03/2026



                  🌞सुप्रभातम🌞 

      ⚜️««« *आज का पंचांग* »»»⚜️

       दिनांक:- 01/03/2026, रविवार


*जय श्री राम*

      1 मार्च- श्रीरामचरितमानस

—-श्रीराम नाम महात्म —-

राम नाम मनिदीप धरु 

जीह देहरीं द्वार ।

तुलसी भीतर बाहेरहुँ 

जौं चाहसि उजियार ।।

( बालकांड,  दो. 21) 

           राम राम बंधुओं, श्रीराम नाम की महिमा कहते हुए तुलसी बाबा कहते हैं कि यदि आप अपने भीतर व बाहर दोनों ओर उजाला चाहते हैं तो अपने मुख रूपी द्वार की जिह्वा रूपी देहली पर राम नाम रूपी मणि दीपक को रखें ।

         मित्रों, भला कौन नहीं चाहता है कि जो हमारा दिखाई दे रहा है वह ठीक हो और जो हम दूसरों से छुपाए फिरते हैं वह भी ठीक हो । उपाय एक ही है जो हमारा सब  कुछ ठीक रख सकता है वह है श्रीराम नाम । अतएव और कुछ नहीं राम नाम धारण करें अस्तु श्रीराम जय राम जय जय राम 🚩🚩🚩.                      *|| 🕉️ ||*

               *🌞 सुप्रभातम🌞*

               *आज का पञ्चांग*


*दिनाँक:-01/03/2026,रविवार*

*त्रयोदशी, शुक्ल पक्ष,*

*फाल्गुन*

(समाप्ति काल)


तिथि-------- त्रयोदशी 19:08:47.    तक 

पक्ष------------------------- शुक्ल

नक्षत्र------------- पुष्य 08:33:29

योग------------ शोभन 14:32:00

करण---------- कौलव 07:53:32

करण----------- तैतुल 19:08:47

करण-------------- गर 30:29:08

वार------------------------ रविवार

माह----------------------- फाल्गुन

चन्द्र राशि------------------    कर्क

सूर्य राशि------------------    कुम्भ

रितु-------------------------- वसंत

आयन------------------- उत्तरायण

संवत्सर------------------ विश्वावसु

संवत्सर (उत्तर) -------------सिद्धार्थी

विक्रम संवत-----------‐---- 2082 

गुजराती संवत-------------- 2082 

शक संवत-------------------1947 

कलि संवत-------------‐-- 5126

सूर्योदय--------------- 06:45:03

सूर्यास्त--------------- 18:18:22

दिन काल------------- 11:33:18

रात्री काल------------- 12:25:41

चंद्रोदय--------------- 16:16:16

चंद्रास्त---------------- 29:56:22

लग्न---- कुम्भ 16°14' , 316°14'

सूर्य नक्षत्र--------------- शतभिषा

चन्द्र नक्षत्र---------------------पुष्य

नक्षत्र पाया------------------- रजत 


*🚩💮🚩  पद, चरण  🚩💮🚩*


ड---- पुष्य 08:33:29


डी---- आश्लेषा 14:20:55


डू---- आश्लेषा 20:09:32


डे----आश्लेषा 25:59:26


*💮🚩💮    ग्रह गोचर    💮🚩💮*


        ग्रह =राशी   , अंश  ,नक्षत्र,  पद

============================

सूर्य=  कुम्भ 16°10 , शतभिषा      3      सी 

चन्द्र= कर्क  15°30 ,         पुष्य  4      ड 

बुध = कुम्भ 27°52 '     पूo भाo  3       दा

शु क्र= कुम्भ 29°05,      पूo भाo 3       दा

मंगल= कुम्भ 04°03 '      धनिष्ठा   4       गे

गुरु= मिथुन  21°33    पुनर्वसु,     1       के 

शनि=मीन 07°13 '     उoभा o  , 2       थ

राहू=(व) कुम्भ 14°54  शतभिषा,      3  सी 

केतु= (व) सिंह 14°54   पूoफाo   1      मो

============================


*🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 🚩💮🚩*


राहू काल 16:52 - 18:18 अशुभ

यम घंटा 12:32 - 13:58 अशुभ

गुली काल 15:25 - 16:52 अशुभ 

अभिजित 12:09 - 12:55 शुभ

दूर मुहूर्त 16:46 - 17:32 अशुभ

वर्ज्यम 20:56 - 22:29 अशुभ

प्रदोष 18:18 - 20:50     शुभ


🚩गंड मूल 08:33 - अहोरात्र अशुभ


💮चोघडिया, दिन


उद्वेग 06:45 - 08:12 अशुभ

चर 08:12 - 09:38 शुभ

लाभ 09:38 - 11:05 शुभ

अमृत 11:05 12:32 शुभ

काल 12:32 13:58 अशुभ

शुभ 13:58 - 15:25 शुभ

रोग 15:25 - 16:52 अशुभ

उद्वेग 16:52 - 18:18 अशुभ


🚩चोघडिया, रात


शुभ 18:18 - 19:52 शुभ

अमृत 19:52 - 21:25 शुभ

चर 21:25 - 22:58 शुभ

रोग 22:58 - 24:31* अशुभ

काल 24:31*26:04* अशुभ

लाभ 26:04* - 27:38* शुभ

उद्वेग 27:38* - 29:11* अशुभ

शुभ 29:11*-30:44* शुभ


💮होरा, दिन


सूर्य 06:45 -07:43

शुक्र 07:43- 08:41

बुध 08:41- 09:38

चन्द्र 09:38- 10:36

शनि 10:36- 11:34

बृहस्पति 11:34 -12:32

मंगल 12:32 -13:29

सूर्य 13:29- 14:27

शुक्र 14:27 -15:25

बुध 15:25- 16:23

चन्द्र 16:23‐ 17:21

शनि 17:21 -18:18


🚩होरा, रात


बृहस्पति 18:18 -19:21

मंगल 19:21- 20:23

सूर्य 20:23 -21:25

शुक्र 21:25- 22:27

बुध 22:27- 23:29

चन्द्र 23:29- 24:31

शनि 24:31-25:33

बृहस्पति 25:33- 26:35

मंगल 26:35-27:38

सूर्य 27:38-28:40

शुक्र 28:40-29:42

बुध 29:42-30:44


*🚩उदयलग्न प्रवेशकाल  🚩* 


कुम्भ   > 05:54  से  07:34   तक

मीन    > 07:34  से  08:58   तक

मेष     > 08:58  से  10:34   तक     

वृषभ   > 10:34 से  12:32   तक

मिथुन  > 12:32 से 15:58    तक

कर्क    > 15:58  से 17:08   तक

सिंह    > 17:08 से  19:14    तक

कन्या  > 19:14  से  21:34   तक

तुला   >  21:34 से  23:52   तक

वृश्चिक > 23:52 से  02:00   तक

धनु     > 02:00  से  03:56   तक

मकर   > 03:56 से  05:52   तक

=======================


*🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार*


       (लगभग-वास्तविक समय के समीप) 

दिल्ली +10मिनट--------- जोधपुर -6 मिनट

जयपुर +5 मिनट------ अहमदाबाद-8 मिनट

कोटा   +5 मिनट------------ मुंबई-7 मिनट

लखनऊ +25 मिनट--------बीकानेर-5 मिनट

कोलकाता +54-----जैसलमेर -15 मिनट


*नोट*-- दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है। 

प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है। 

चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।

शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥

रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।

अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥

अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।

उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।

शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।

लाभ में व्यापार करें ।

रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।

काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।

अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।


*💮दिशा शूल ज्ञान------------- पश्चिम*

परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो घी अथवा चिरौंजी खाके यात्रा कर सकते है l

इस मंत्र का उच्चारण करें-:

*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*

*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*


*🚩  अग्नि वास ज्ञान  -:*

*यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,*

*चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।*

*दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,*

*नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।।* *महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्*

*नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।*


  13 + 1 +  1 =  15 ÷ 4 = 3 शेष

 पृथ्वी लोक पर अग्नि वास हवन के लिए शुभ कारक है l


*🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩*


सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु  आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है


शनि ग्रह मुखहुति


*💮    शिव वास एवं फल -:*


   13 + 13 + 5 = 31 ÷ 7 =  3 शेष


वृषाभारूढ = शुभ कारक


*🚩भद्रा वास एवं फल -:*


*स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।*

*मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।*


*💮🚩    विशेष जानकारी   🚩💮*


 *सर्वार्थ सिद्धि योग 08:33 तक* 


*प्रदोष व्रत (शिव पूजन)*


*रविपुष्य योग 8:33 तक* 


*💮🚩💮   शुभ विचार   💮🚩💮*


अयुक्तं स्वामिनो युक्तं युक्तं नीचस्य दूषणम् ।

अमृतं राहवे मृत्युर्विषं शंकरभूषणम् ।।

।।चाoनीo।।


   एक महान आदमी जब कोई गलत काम करता है तो उसे कोई कुछ नहीं कहता. एक नीच आदमी जब कोई अच्छा काम भी करता है तो उसका धिक्कार होता है. देखिये अमृत पीना तो अच्छा है लेकिन राहू की मौत अमृत पिने से ही हुई. विष पीना नुकसानदायी है लेकिन भगवान् शंकर ने जब विष प्राशन किया तो विष उनके गले का अलंकार हो गया.


*🚩💮🚩  सुभाषितानि  🚩💮🚩*


गीता -:  कर्मसांख्ययोग अo-5


युक्तः कर्मफलं त्यक्त्वा शान्तिमाप्नोति नैष्ठिकीम्‌।

 अयुक्तः कामकारेण फले सक्तो निबध्यते॥


कर्मयोगी कर्मों के फल का त्याग करके भगवत्प्राप्ति रूप शान्ति को प्राप्त होता है और सकामपुरुष कामना की प्रेरणा से फल में आसक्त होकर बँधता है

 ॥12॥


*💮🚩   दैनिक राशिफल   🚩💮*


देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।

नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।

विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।

जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।


🐏मेष

मानसिक शांति के लिए किए गए प्रयास सफल रहेंगे। कोर्ट-कचहरी के कार्य मनोनुकूल रहेंगे। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। नौकरी में सहकर्मी साथ देंगे। प्रसन्नता रहेगी। किसी धार्मिक यात्रा की योजना बनेगी। पूजा-पाठ में मन लगेगा।


🐂वृष

वाहन व मशीनरी इत्यादि के प्रयोग में लापरवाही न करें। वाणी में हल्के शब्दों के प्रयोग से बचें। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। दूसरों के कार्य में हस्तक्षेप न करें। अपेक्षित कार्यों में विलंब होगा। चिंता तथा तनाव रहेंगे। व्यापार ठीक चलेगा।


👫मिथुन

कार्यक्षेत्र के लिए नई योजना बनेगी। कार्यप्रणाली में सुधार होगा। बिगड़े काम बन सकते हैं। समाजसेवा करने का मन बनेगा। घर-बाहर पूछ-परख रहेगी। धन प्राप्ति सुगम होगी। व्यस्तता रहेगी। आराम का समय नहीं मिलेगा। थकान रहेगी।


🦀कर्क

व्यावसायिक यात्रा मनोनुकूल रहेगी। किसी प्रभावशाली व्यक्ति का सहयोग व मार्गदर्शन प्राप्त होगा। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। व्यापार-व्यवसाय अच्‍छा चलेगा। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी। बकाया वसूली के प्रयास सफल रहेंगे।


🐅सिंह

समाजसेवा करने की प्रेरणा प्राप्त होगी। मान-सम्मान मिलेगा। खोई हुई वस्तु मिलने के योग हैं। व्यापार-व्यवसाय अच्‍छा चलेगा। नौकरी में उच्चाधिकारी की प्रसन्नता प्राप्त होगी। शत्रु सक्रिय रहेंगे। जोखिम व जमानत के कार्य बिलकुल न करें।


🙍‍♀️कन्या

शुभ समाचार प्राप्त होंगे। आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। कारोबार अच्‍छा चलेगा। नौकरी में सहकर्मी साथ देंगे। चिंता तथा तनाव रहेंगे। प्रतिद्वंद्विता में वृद्धि होगी। किसी आनंदोत्सव में भाग ले सकते हैं। भूले-बिसरे साथियों से मुलाकात होगी।


⚖️तुला

किसी तरह से बड़ा लाभ होने की संभावना है। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। बेरोजगारी दूर करने के प्रयास सफल रहेंगे। किसी तरह के विवाद में विजय प्राप्त होगी। स्वास्थ्य अच्‍छा रहेगा। कारोबार में वृद्धि होगी। नौकरी में नया कार्य मिल सकता है।


🦂वृश्चिक

कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। थकान व कमजोरी रह सकती है। अप्रत्याशित खर्च सामने आएंगे। कर्ज लेना पड़ सकता है। दूसरों से अधिक अपेक्षा न करें। बेवजह चिड़चिड़ापन रहेगा। वाणी पर नियंत्रण रखें। कार्य में मन नहीं लगेगा।


🏹धनु

भावना में बहकर महत्वपूर्ण निर्णय न लें। नौकरी में कार्यभार रहेगा। लाभ होगा। स्वास्थ्य के संबंध में लापरवाही न करें। स्वास्थ्‍य पर व्यय होगा। दु:खद समाचार मिल सकता है। क्रोध व उत्तेजना पर नियंत्रण रखें। कुसंगति से हानि होगी।


🐊मकर

मनपसंद व्यंजनों का आनंद प्राप्त होगा। विद्यार्थी वर्ग अपने कार्य उत्साह व लगन से कर पाएगा। किसी आनंदोत्सव में भाग लेने का अवसर प्राप्त हो सकता है। धन प्राप्ति के प्रयास सफल रहेंगे। व्यापार-व्यवसाय अच्‍छा चलेगा। प्रमाद न करें।


🍯कुंभ

घर, दुकान, फैक्टरी व शोरूम इत्यादि के खरीद-फरोख्त की योजना बनेगी। कारोबार में बड़ा लाभ हो सकता है। रोजगार प्राप्ति के प्रयास सफल रहेंगे। आय के नए स्रोत प्राप्त हो सकते हैं। रुके काम बनेंगे। घर-बाहर उत्साह व प्रसन्नता से काम कर पाएंगे।


🐟मीन

प्रसन्नता का वातावरण निर्मित होगा। स्वास्थ्य का पाया कमजोर रहेगा। वाणी पर नियंत्रण रखें। जीवनसाथी से सहयोग प्राप्त होगा। कानूनी अड़चन दूर होकर स्थिति अनुकूल बनेगी। व्यापार-व्यवसाय अच्‍छा चलेगा। निवेश शुभ रहेगा। नौकरी में मातहत साथ देंगे।


*🚩आपका दिन मंगलमय हो🚩*







You Tube: 

1. Youtube:  ग्रह वाणी   
https://youtube.com/shorts/xqc6820XshI?si=3BPhBlfPj8-AJ3Bo

2. Youtube:  B I News
https://youtu.be/VwwU7GSmc8o?si=Y4y_DG_etYEolPQ0


PLEASE:- Like & Share 

                     
🚩🚩भारत माता की जय🚩🚩

Author Name

NEWSBIN24

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.